








फरवरी और मई. ये दोनों महीने भारत और बांग्लादेश के रिश्तों के लिए बड़े अहम हैं. क्यों? क्योंकि फरवरी में पूरे डेढ़ साल की अंतरिम सरकार के बाद बांग्लादेश में चुनाव हुए और सत्ता संभाली BNP के तारिक रहमान ने. तब हमने इसपर पॉडकास्ट भी किया. आपने देखा भी होगा. अब मई में बंगाल में चुनाव हुए और 15 साल से सत्ता संभाले बैठी TMC बाहर हुई और सत्ता में आई BJP. अब ये इतनी बड़ी बात इसलिए है क्योंकि बांग्लादेश और भारत का पश्चिम बंगाल आपस में 2,217 KM का बॉर्डर शेयर करते हैं. बांग्लादेश और पश्चिम बंगाल में पानी का बंटवारा भी एक बड़ा मुद्दा है. बांग्लादेश की तरफ़ से होने वाली Illegal घुसपैठ एक बड़ा मुद्दा है. साथ ही बांग्लादेश में Hindu Minorities के साथ जो भी घटा वो एक चिंता का विषय का सबके लिए. और अब बॉर्डर के इस तरफ़ जो सरकार आई है वो जानी जाती है हिंदुवादी होने के लिए. तो Padhaku Nitin World Affairs में ये ज़रूरी हो जाता है कि रुक कर बात की जाए. समझा जाए कि भारत-बांग्लादेश के बीच क्या घट रहा है? क्या रुक रहा है? दोनों तरफ़ सेंटिमेंट्स क्या है? कुछ Water Agreements, कुछ Border Fencing. कई सारे पहलू हैं. समझेंगे सब आज के मेहमान से Professor Sanjay Bhardwaj से. बांग्लादेश से जुड़े Water Sharing के मुद्दे पर इनका बेहतरीन काम है. वहां पढ़े भी हैं. फिलहाल पढ़ाते हैं JNU के Centre of South Asian Studies में Professor और Chairperson दोनों हैं.
Producer: Manav Dev Rawat
Host: Nitin Thakur
Sound: Rohan Bharti
此内容由惯性聚合(RSS阅读器)自动聚合整理,仅供阅读参考。 原文来自 — 版权归原作者所有。